स्ट्रीट लाइट बंद होने को बताया साजिश, जांच में विद्युत कनेक्शन कटने का खुलास

 

 

 

 

कालाढूंगी। नगरपालिका क्षेत्र में छोटी हल्द्वानी जाने वाले मुख्य मार्ग पर पिछले चार-पांच दिनों से स्ट्रीट लाइटें बंद रहने का मामला सोशल मीडिया पर चर्चा का विषय बना हुआ था। स्ट्रीट लाइट बंद होने को लेकर सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हुआ, जिसमें इसे किसी खास व्यक्ति को बदनाम करने की कथित साजिश से जोड़कर सवाल उठाए गए।

मामले ने तूल पकड़ा तो वार्ड नंबर-1 के सभासद ने मौके पर पहुंचकर पूरे मामले की जानकारी ली और स्ट्रीट लाइट बंद होने के वास्तविक कारण की जांच कराई। जांच के बाद जो तथ्य सामने आए, उनसे सोशल मीडिया पर चल रही साजिश की चर्चा पर सवाल खड़े हो गए।

जांच में सामने आया कि संभावित विद्युत विभाग या नेटवर्किंग केबिल का कार्य करने वालों की ओर से स्ट्रीट लाइट का कनेक्शन काट दिया गया था। इसी वजह से पिछले चार-पांच दिनों से मुख्य मार्ग की लाइटें बंद थीं। जानकारी सामने आने के बाद संबंधित स्तर पर कार्रवाई कर कनेक्शन को दुरुस्त कराया गया और स्ट्रीट लाइट व्यवस्था बहाल कर दी गई।

ऐसे में जिस मामले को सोशल मीडिया पर किसी व्यक्ति को बदनाम करने की कथित साजिश के तौर पर पेश किया जा रहा था, जांच में उसकी वजह विद्युत कनेक्शन कटना सामने आई। यानी शुरुआती तौर पर जिस घटना को साजिश का रूप दिया जा रहा था, उसके पीछे प्रथम दृष्टया विद्युत कनेक्शन से जुड़ी चूक सामने आई है।

बिना जांच ‘साजिश’ का दावा, अब उठ रहे सवाल?

इस पूरे घटनाक्रम के बाद सवाल यह भी उठ रहा है कि किसी स्थानीय समस्या की पूरी जानकारी लिए बिना उसे किसी व्यक्ति को बदनाम करने की साजिश से जोड़ना कितना उचित है। वार्ड सभासद द्वारा मौके पर जांच कराए जाने के बाद स्ट्रीट लाइट बंद होने की वास्तविक वजह सामने आ गई।

फिलहाल स्ट्रीट लाइटें चालू कर दी गई हैं और मामला स्पष्ट हो गया है कि लाइटें विद्युत कनेक्शन कटने के कारण बंद थीं। ऐसे में सोशल मीडिया पर लगाए गए साजिश और बदनाम करने के दावों की विश्वसनीयता पर भी सवाल खड़े हो गए है!